पवित्र नगरी उज्जैन में वैदिक रीति-रिवाजों से संपन्न की जाने वाली पूजा सेवाएँ
चंद्र ग्रहण दोष पूजा और सूर्य ग्रहण पूजा
कुंडली के 12 भाव मे से किसी भी भाव मे सूर्य + राहु बेठा हो या चन्द्र + राहु बेठा हो तो ये गृहण योग बनता है । मनुष्य के जीवन मे बड़ी कठिनाईया,पीड़ा ,बाधा उत्पन्न होती है। गृहण योग होने से मानसिक अशांति, भय और मान-सम्मान की हानि होती है।